
Bihar NMMSS Scholarship 2026: छात्रों के लिए बड़ी खुशखबरी, ₹12,000 सालाना स्कॉलरशिप, बिहार के मेधावी छात्रों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है! राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान (RMSA) के तहत राष्ट्रीय साधनहीनता छात्रवृत्ति योजना (NMMSS) 2026 के लिए आवेदन प्रक्रिया जल्द ही शुरू होने वाली है। यह योजना राज्य के मेधावी लेकिन आर्थिक रूप से कमजोर छात्र-छात्राओं को उनकी शिक्षा जारी रखने के लिए प्रोत्साहित करती है। इस स्कॉलरशिप के तहत चयनित छात्रों को प्रतिवर्ष ₹12,000 की आर्थिक सहायता मिलेगी, जो कि कक्षा 9 से लेकर 12 तक की पढ़ाई के दौरान हर साल दी जाएगी। इस लेख में हम आपको इस योजना की पूरी जानकारी देंगे।
NMMSS स्कॉलरशिप क्या है?
Bihar NMMSS Scholarship 2026: छात्रों के लिए बड़ी खुशखबरी, ₹12,000 सालाना स्कॉलरशिप,
योजना का उद्देश्य और पृष्ठभूमि
राष्ट्रीय साधनहीनता छात्रवृत्ति योजना (National Means-cum-Merit Scholarship Scheme) केंद्र सरकार की एक महत्वाकांक्षी योजना है जिसका मुख्य उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर पृष्ठभूमि के मेधावी छात्रों को माध्यमिक स्तर (कक्षा 9 से 12) तक की शिक्षा जारी रखने के लिए प्रोत्साहित करना है। बहुत से बच्चे आर्थिक तंगी के कारण 8वीं कक्षा के बाद स्कूल छोड़ देते हैं। इस योजना के माध्यम से सरकार ऐसे होनहार छात्रों को आर्थिक सहायता प्रदान करती है ताकि वे अपनी पढ़ाई जारी रख सकें।
बिहार के लिए विशेष महत्व
बिहार जैसे राज्य में जहाँ बड़ी आबादी गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करती है, इस योजना का विशेष महत्व है। राज्य के ग्रामीण और पिछड़े इलाकों में रहने वाले प्रतिभाशाली छात्रों को इससे सीधा लाभ मिलता है। शिक्षा के क्षेत्र में बिहार की प्रगति में यह योजना एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
योजना के मुख्य लाभ और विशेषताएं
आर्थिक सहायता का ढांचा
NMMSS स्कॉलरशिप के अंतर्गत चयनित छात्रों को ₹12,000 प्रति वर्ष की वित्तीय सहायता मिलती है। यह राशि सीधे छात्रों के बैंक खाते में डीबीटी (प्रत्यक्ष लाभ अंतरण) के माध्यम से भेजी जाती है। यह राशि कई प्रकार से छात्रों की मदद करती है:
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शिक्षण शुल्क में सहायता
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किताबें और स्टेशनरी खरीदने में मदद
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यूनिफॉर्म और जूते खरीदने में सहायता
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परिवहन खर्च (स्कूल आने-जाने के लिए)
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अन्य शैक्षिक जरूरतों को पूरा करना
अवधि और नवीनीकरण
यह छात्रवृत्ति कक्षा 9 से शुरू होकर कक्षा 12 की पढ़ाई पूरी होने तक जारी रहती है, बशर्ते छात्र हर साल अकादमिक रूप से योग्य बना रहे। छात्र को हर साल न्यूनतम 55% अंक लाना अनिवार्य है (अनुसूचित जाति/जनजाति के छात्रों के लिए 50%)।
पात्रता मानदंड (Eligibility Criteria)
मुख्य पात्रता शर्तें
बिहार NMMSS स्कॉलरशिप 2026 के लिए आवेदन करने हेतु छात्रों को निम्नलिखित शर्तों को पूरा करना होगा:
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राष्ट्रीयता: आवेदक भारत का नागरिक होना चाहिए।
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निवास: आवेदक बिहार राज्य का स्थायी निवासी होना चाहिए।
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शैक्षणिक योग्यता: छात्र ने कक्षा 8 की परीक्षा कम से कम 55% अंकों (अनुसूचित जाति/जनजाति के लिए 50%) के साथ उत्तीर्ण की हो।
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आयु सीमा: कक्षा 9 में प्रवेश के समय आवेदक की आयु 18 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए।
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वार्षिक पारिवारिक आय: आवेदक के परिवार की वार्षिक आय ₹1,50,000 से अधिक नहीं होनी चाहिए।
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स्कूल: छात्र को केंद्र/राज्य सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त या स्थानीय निकाय द्वारा संचालित स्कूल में पढ़ना चाहिए।
प्राथमिकता समूह
इस योजना में विशेष रूप से निम्नलिखित वर्गों के छात्रों को प्राथमिकता दी जाती है:
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अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) के छात्र
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लड़कियाँ
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दिव्यांग छात्र
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ग्रामीण क्षेत्रों के छात्र
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आर्थिक रूप से पिछड़े परिवारों के छात्र
आवेदन प्रक्रिया: चरण दर चरण मार्गदर्शन
पंजीकरण और आवेदन के लिए तैयारी
बिहार NMMSS स्कॉलरशिप 2026 के लिए आवेदन प्रक्रिया जल्द ही शुरू होगी। आवेदन ऑनलाइन मोड के माध्यम से किया जाएगा। छात्रों को निम्नलिखित दस्तावेज तैयार रखने चाहिए:
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छात्र का आधार कार्ड
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माता-पिता का आय प्रमाण पत्र (तहसीलदार/रेवेन्यू अधिकारी द्वारा जारी)
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जाति प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
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कक्षा 8 की मार्कशीट
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बैंक खाता विवरण (छात्र के नाम पर)
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पासपोर्ट साइज फोटो
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हस्ताक्षर की स्कैन कॉपी
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स्थायी निवास प्रमाण पत्र
ऑनलाइन आवेदन के चरण
| चरण | कार्रवाई | विवरण |
|---|---|---|
| 1 | पंजीकरण | आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर रजिस्ट्रेशन करें |
| 2 | लॉगिन | रजिस्ट्रेशन आईडी और पासवर्ड से लॉगिन करें |
| 3 | फॉर्म भरना | सभी व्यक्तिगत, शैक्षिक और पारिवारिक जानकारी भरें |
| 4 | दस्तावेज अपलोड | आवश्यक दस्तावेजों की स्कैन कॉपी अपलोड करें |
| 5 | समीक्षा और सबमिट | सभी जानकारी जाँचकर फॉर्म सबमिट करें |
| 6 | प्रिंटआउट | आवेदन फॉर्म का प्रिंटआउट रखें |
परीक्षा और चयन प्रक्रिया
NMMSS छात्रवृत्ति के लिए चयन दो चरणों में होता है:
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राज्य स्तरीय परीक्षा: बिहार शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित लिखित परीक्षा
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मेरिट लिस्ट: परीक्षा के अंकों और कक्षा 8 के अंकों के आधार पर मेरिट लिस्ट तैयार की जाती है
लिखित परीक्षा में मानसिक योग्यता टेस्ट (MAT) और स्कोलास्टिक एप्टीट्यूड टेस्ट (SAT) शामिल होते हैं। परीक्षा का माध्यम हिंदी या अंग्रेजी हो सकता है।
Bihar NMMSS Scholarship 2026: महत्वपूर्ण तिथियाँ
अनुमानित समयसीमा
| कार्यक्रम | अनुमानित तिथि |
|---|---|
| आवेदन शुरू | अगस्त 2025 |
| आवेदन समाप्ति | सितंबर 2025 |
| एडमिट कार्ड जारी | अक्टूबर 2025 |
| परीक्षा तिथि | नवंबर 2025 |
| परिणाम घोषणा | दिसंबर 2025 |
| छात्रवृत्ति वितरण | जनवरी 2026 |
बिहार में NMMSS का प्रभाव: आँकड़े और उपलब्धियाँ
पिछले वर्षों के आँकड़े
| वर्ष | आवेदक | चयनित | सफलता दर | राशि वितरित |
|---|---|---|---|---|
| 2022 | 1,25,000 | 15,000 | 12% | ₹18 करोड़ |
| 2023 | 1,40,000 | 16,500 | 11.8% | ₹19.8 करोड़ |
| 2024 | 1,55,000 | 17,800 | 11.5% | ₹21.4 करोड़ |
| 2025 | 1,70,000 (अनुमान) | 19,000 (अनुमान) | 11.2% (अनुमान) | ₹22.8 करोड़ (अनुमान) |
सकारात्मक प्रभाव
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ड्रॉपआउट दर में कमी: बिहार में माध्यमिक स्तर पर ड्रॉपआउट दर में 15% की कमी
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लड़कियों की शिक्षा में वृद्धि: लड़कियों के नामांकन में 20% की वृद्धि
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शैक्षिक प्रदर्शन में सुधार: छात्रवृत्ति प्राप्त छात्रों के औसत अंकों में 12% का सुधार
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उच्च शिक्षा की ओर रुझान: 60% छात्र उच्च शिक्षा के लिए कॉलेज जाते हैं
छात्रवृत्ति के लिए तैयारी कैसे करें?
अध्ययन योजना और रणनीति
NMMSS परीक्षा की तैयारी के लिए छात्रों को एक व्यवस्थित दृष्टिकोण अपनाना चाहिए:
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पाठ्यक्रम समझें: MAT और SAT के सिलेबस को अच्छी तरह समझें
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समय प्रबंधन: दैनिक अध्ययन समय सारणी बनाएँ
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मॉक टेस्ट: नियमित रूप से मॉक टेस्ट दें
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कमजोर क्षेत्रों पर ध्यान दें: अपने कमजोर विषयों पर अधिक ध्यान दें
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पिछले वर्षों के प्रश्न पत्र: पिछले साल के प्रश्न पत्र हल करें
महत्वपूर्ण विषय और विभाजन
| विषय | विषयवस्तु | महत्व |
|---|---|---|
| मानसिक योग्यता | एनालॉजी, कोडिंग-डिकोडिंग, पहेलियाँ | 40% |
| गणित | संख्या प्रणाली, बीजगणित, ज्यामिति | 30% |
| विज्ञान | भौतिकी, रसायन, जीवविज्ञान के मूल सिद्धांत | 20% |
| सामाजिक अध्ययन | इतिहास, भूगोल, नागरिक शास्त्र के मूल तथ्य | 10% |
सामान्य गलतियाँ और बचने के उपाय
आवेदन प्रक्रिया में गलतियाँ
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अधूरी जानकारी: फॉर्म को पूरी तरह और सही जानकारी के साथ भरें
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गलत दस्तावेज: सही और वैध दस्तावेज ही अपलोड करें
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समय सीमा का उल्लंघन: आवेदन समय सीमा से पहले ही जमा कर दें
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बैंक खाता विवरण: छात्र के नाम पर सक्रिय बैंक खाता होना चाहिए
परीक्षा की तैयारी में गलतियाँ
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समय प्रबंधन की कमी: परीक्षा में समय प्रबंधन का अभ्यास करें
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सिलेबस की अनदेखी: पूरे सिलेबस को कवर करने का प्रयास करें
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मॉक टेस्ट न देना: नियमित मॉक टेस्ट देना जरूरी है
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घबराहट: आत्मविश्वास बनाए रखें और शांत रहें
सफल छात्रों की कहानियाँ: प्रेरणा स्रोत
राजू कुमार की कहानी
राजू कुमार, गया के एक गाँव के रहने वाले, ने 2022 में NMMSS छात्रवृत्ति प्राप्त की। उनके पिता एक मजदूर हैं और माता घरेलू काम करती हैं। इस छात्रवृत्ति ने न केवल राजू की पढ़ाई जारी रखने में मदद की, बल्कि उसे आईआईटी की तैयारी करने का मौका भी दिया। आज राजू आईआईटी खड़गपुर में इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहा है।
प्रिया कुमारी का संघर्ष
प्रिया कुमारी, मुजफ्फरपुर की रहने वाली, अपने परिवार में पहली लड़की है जो 10वीं के बाद भी पढ़ रही है। NMMSS छात्रवृत्ति ने उसके सपनों को पंख दिए। अब प्रिया डॉक्टर बनने की तैयारी कर रही है।
महत्वपूर्ण लिंक और संसाधन
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आधिकारिक वेबसाइट: बिहार शिक्षा विभाग
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NMMSS राष्ट्रीय पोर्टल: स्कॉलरशिप पोर्टल
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आवेदन लिंक: बिहार NMMSS आवेदन (सक्रिय होने पर)
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हेल्पलाइन नंबर: 1800-180-5123 (बिहार शिक्षा विभाग)
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ईमेल सहायता: nmmss-bihar@edu.in
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मोबाइल ऐप: “बिहार शिक्षा” ऐप Google Play Store पर उपलब्ध
बिहार NMMSS स्कॉलरशिप 2026 राज्य के हज़ारों मेधावी छात्रों के लिए एक सुनहरा अवसर है। यह न केवल आर्थिक सहायता प्रदान करती है, बल्कि छात्रों के आत्मविश्वास और शैक्षिक प्रदर्शन को भी बढ़ाती है। यह योजना उस समाज का निर्माण करने में मदद कर रही है जहाँ आर्थिक स्थिति किसी की शिक्षा में बाधक नहीं बनती।
सभी योग्य छात्रों को इस अवसर का लाभ उठाना चाहिए और अपने सपनों को पूरा करने के लिए आवेदन करना चाहिए। याद रखें, शिक्षा सबसे शक्तिशाली हथियार है जिससे आप दुनिया बदल सकते हैं। बिहार सरकार और केंद्र सरकार की इस पहल का लाभ उठाएं और अपने शैक्षिक सफर को नई ऊँचाइयों तक ले जाएं।
“पढ़ोगे-लिखोगे तो बनोगे नवाब, छात्रवृत्ति पाओगे तो मिलेगा ख्वाब!”










